Ramayan Trailer Launch: पहली बार मंच पर साथ दिखे रणबीर कपूर और साई पल्लवी, भगवान राम-सीता के किरदार पर कही दिल छू लेने वाली बातें
नितेश तिवारी की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'रामायण' के ट्रेलर लॉन्च इवेंट में वह पल आखिर आ ही गया, जिसका फैंस लंबे समय से इंतजार कर रहे थे। पहली बार रणबीर कपूर और साई पल्लवी भगवान राम और माता सीता के रूप में एक ही मंच पर साथ नजर आए। पूरा ऑडिटोरियम 'जय श्री राम' और 'जय सियाराम' के जयघोष से गूंज उठा।
इस खास मौके पर दोनों कलाकारों ने अपने अनुभव साझा किए। वहीं निर्देशक नितेश तिवारी ने भी बताया कि आखिर उन्होंने इन दोनों को इतने अहम किरदारों के लिए क्यों चुना।
कुमार विश्वास ने कराया भव्य स्वागत
कार्यक्रम की शुरुआत कवि कुमार विश्वास ने की। उन्होंने रणबीर कपूर और साई पल्लवी का परिचय देते हुए कहा कि ईश्वर ने इन्हें अपने व्यक्तित्व को दुनिया तक पहुंचाने के लिए चुना है।
जैसे ही दोनों कलाकार मंच पर पहुंचे, दर्शकों ने जोरदार तालियों और 'जय श्री राम' के नारों के साथ उनका स्वागत किया। यह पहली बार था जब फिल्म के राम और सीता आधिकारिक तौर पर दुनिया के सामने एक साथ मंच पर दिखाई दिए।
रणबीर कपूर बोले- 'आंखों में इंफेक्शन है, लेकिन दिल में सिर्फ अफेक्शन'
मंच पर आते ही रणबीर कपूर ने सबसे पहले अपने काले चश्मे को लेकर सफाई दी। उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा,
"मैं सबसे पहले आप सबसे माफी मांगना चाहता हूं कि मैंने काला चश्मा पहन रखा है। मेरी आंखों में इंफेक्शन है, लेकिन इस शुभ अवसर पर मेरे दिल में सिर्फ अफेक्शन है।"
उनकी इस बात पर पूरे हॉल में तालियां गूंज उठीं।
अरुण गोविल को दिया सम्मान
रणबीर कपूर ने सबसे पहले रामानंद सागर की 'रामायण' में भगवान राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल का सम्मान किया।
उन्होंने कहा,
"मैं बचपन से भगवान श्रीराम की सीख और आपका चेहरा अपने दिल में लेकर बड़ा हुआ हूं। अगर मैं आपके अभिनय का थोड़ा सा भी हिस्सा पर्दे पर ला पाया तो अपनी मेहनत सफल मानूंगा।"
रणबीर ने यह भी कहा कि अरुण गोविल ने करोड़ों लोगों के मन में भगवान श्रीराम की जो छवि बनाई है, वह उनके लिए हमेशा प्रेरणा रहेगी।
साई पल्लवी ने कहा- 'मैंने यह किरदार नहीं चुना, मुझे इसका आशीर्वाद मिला'
माता सीता का किरदार निभा रहीं साई पल्लवी ने अपनी हिंदी के लिए पहले दर्शकों से माफी मांगी, फिर बेहद भावुक अंदाज में अपनी बात रखी।
उन्होंने कहा,
"ऐसे किरदार हर कलाकार को नहीं मिलते। मुझे नहीं लगता कि मैंने यह रोल चुना है, बल्कि मुझे इसे निभाने का आशीर्वाद मिला है।"
साई पल्लवी ने बताया कि वह हर दिन ध्यान (Meditation) करती थीं और मन ही मन प्रार्थना करती थीं कि सीता माता उनके माध्यम से अभिनय करें।
उन्होंने कहा,
"मैं हमेशा अपने विचारों को जितना संभव हो सके शुद्ध रखने की कोशिश करती थी, ताकि मैं इस किरदार का सर्वश्रेष्ठ रूप प्रस्तुत कर सकूं।"
करीब तीन साल की मेहनत, लेकिन टीम ने लगाए 10 साल
साई पल्लवी ने बताया कि उन्होंने इस फिल्म पर लगभग तीन वर्षों तक काम किया, जबकि फिल्म की पूरी टीम पिछले लगभग दस वर्षों से इस प्रोजेक्ट को तैयार करने में जुटी हुई थी।
उन्होंने इस दिन को पूरी टीम के लिए बेहद भावुक और महत्वपूर्ण बताया।
नितेश तिवारी ने बताया क्यों चुने रणबीर और साई पल्लवी
कार्यक्रम में निर्देशक नितेश तिवारी ने दोनों कलाकारों की जमकर तारीफ की।
उन्होंने कहा,
"मुझे हमेशा लगा कि रणबीर की आंखों में श्रीराम दिखाई देते हैं और साई की आंखों में सीता माता।"
नितेश तिवारी के अनुसार, सिर्फ अभिनय ही नहीं बल्कि दोनों कलाकारों की ईमानदारी, तैयारी और समर्पण ने उन्हें इस फिल्म के लिए सबसे उपयुक्त बनाया।
उन्होंने आगे कहा,
"जब मैं फिल्म देखता हूं तो मुझे रणबीर नहीं, श्रीराम दिखाई देते हैं और साई नहीं, सीता माता दिखाई देती हैं।"
'रामायण' क्यों है इतनी खास?
नितेश तिवारी की 'रामायण' भारतीय सिनेमा की सबसे महत्वाकांक्षी फिल्मों में गिनी जा रही है। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम और साई पल्लवी माता सीता के किरदार में नजर आएंगे। यह प्रोजेक्ट कई वर्षों की तैयारी, बड़े विजुअल स्केल और आधुनिक तकनीक के साथ बनाया गया है, इसलिए इसकी घोषणा के बाद से ही दर्शकों में जबरदस्त उत्साह बना हुआ है।
निष्कर्ष
'रामायण' के ट्रेलर लॉन्च ने साफ कर दिया कि यह सिर्फ एक फिल्म का प्रमोशनल इवेंट नहीं, बल्कि करोड़ों दर्शकों की भावनाओं से जुड़ा एक विशेष अवसर था। रणबीर कपूर की विनम्रता, साई पल्लवी का आध्यात्मिक दृष्टिकोण और नितेश तिवारी का आत्मविश्वास इस बात का संकेत देते हैं कि पूरी टीम इस प्रोजेक्ट को बेहद गंभीरता और श्रद्धा के साथ पेश कर रही है। अब दर्शकों की नजरें फिल्म की रिलीज और इसके बड़े पर्दे पर होने वाले प्रभाव पर टिकी हैं।
